भारत में इलेक्ट्रिक व्हीकल, रिन्यूएबल एनर्जी और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की वजह से Copper की मांग तेजी से बढ़ रही है। 2022 में भारत में लगभग 5.55 लाख टन कॉपर का उत्पादन हुआ, लेकिन खपत ज्यादा होने से देश आयात पर निर्भर है। ईवी, सोलर प्रोजेक्ट्स और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर कॉपर की सबसे बड़ी खपत करने वाली इंडस्ट्री बनते जा रहे हैं, जिससे आने वाले सालों में डिमांड और तेज होने की उम्मीद है।
Hindustan Copper का 470 करोड़ रुपये का नया प्लांट
सरकारी कंपनी Hindustan Copper लिमिटेड ने मध्य प्रदेश के मलांझखंड कॉपर प्रोजेक्ट में 3.0 MTPA यानी 30 लाख टन प्रति वर्ष क्षमता वाला नया कॉपर कंसंट्रेट प्लांट लगाने की मंजूरी दी है। बोर्ड मीटिंग में मंजूर इस प्रोजेक्ट पर लगभग 469.55 करोड़ रुपये (GST छोड़कर) खर्च होंगे और इसे टर्नकी बेसिस पर बनाया जाएगा। यह नया प्लांट देश में कॉपर कंसंट्रेट की सप्लाई बढ़ाकर आयात पर निर्भरता कम करने में मदद करेगा।
प्रोजेक्ट की टाइमलाइन और टेक्निकल डिटेल
Hindustan Copper के अनुसार यह प्रोजेक्ट लगभग 27 महीनों में पूरा किया जाएगा, यानी ढाई साल के आसपास में नई क्षमता प्रोडक्शन में आ सकती है। प्लांट का कॉन्ट्रैक्ट Ardee Engineering Limited को टर्नकी प्रोजेक्ट के रूप में दिया गया है, जिसमें डिजाइन से लेकर इंस्टॉलेशन और कमीशनिंग तक की पूरी जिम्मेदारी रहेगी। मलांझखंड कॉपर प्रोजेक्ट पहले से ही कंपनी की बड़ी माइनिंग साइट है, जहां नई कंसंट्रेशन क्षमता जुड़ने से ओवरऑल आउटपुट बढ़ने की पूरी संभावना है।
कॉपर की बढ़ती मांग से कंपनी को क्या फायदा
इंडिया में हाई-एंड कॉपर की मांग 2023 में खासतौर पर इलेक्ट्रॉनिक्स और रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर से बढ़ी, जहां अकेले इलेक्ट्रॉनिक्स ने करीब 32% और सोलर जैसे रिन्यूएबल प्रोजेक्ट्स ने लगभग 18% डिमांड में योगदान दिया। ईवी, चार्जिंग इंफ्रा और ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स के विस्तार से कॉपर की खपत लगातार ऊपर जा रही है, जिससे हिंदुस्तान कॉपर जैसे प्रोड्यूसर को लंबे समय तक मजबूत डिमांड मिल सकती है। कंपनी पहले से देश की प्रमुख कॉपर उत्पादक PSUs में शामिल है, और नई 3 MTPA क्षमता जुड़ने से इसकी मार्केट पोजिशन और मजबूत हो सकती है।
शेयर में हाल की तेजी और मार्केट सेंटीमेंट
कॉपर के ग्लोबल प्राइस में मजबूती आने पर 2025 में Hindustan Copper के शेयर ने भी जबरदस्त तेजी दिखाई थी और सिर्फ पांच ट्रेडिंग सेशन में करीब 26% तक उछाल दर्ज की थी। उस समय शेयर ने लगभग 520 रुपये के आसपास का स्तर छुआ था, जिससे निवेशकों की दिलचस्पी इस स्टॉक में काफी बढ़ी थी। अब नए प्लांट और कैपेसिटी एक्सपैंशन की खबरें आने के बाद मार्केट में कंपनी को कॉपर थीम का बड़ा PSU प्लेयर माना जा रहा है और शेयर पर फोकस बढ़ा है।
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